पापा आप सारे दर्द भूल जाते हो 🙃
कभी सख्त पेड़ तो कभी
फूलों की डाली बन जाते हो
कभी खुद एक खेल तो कभी
मेरे लिए खिलाड़ी बन जाते हो
प्यार करते हो बहुत मुझसे
पर कभी नहीं जताते हो
कैसे कह दूं मैं तुम्हें
इस दिल से धन्यवाद मेरे पापा
तुम वही हो ना जो खुद
भूखे रहकर मेरे दूध की
प्याली बन जाते हो
शाम को थक कर
जब तुम घर आते हो
हंसी से हमारी
अपने सारे दर्द भूल जाते हो..!
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